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South Korea: राष्ट्रपति चुनाव में म्युंग हासिल कइलें जीत, मार्शल लॉ लगावे वाला ये ओल के पार्टी के करारी हार

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वर्ल्ड डेस्क: दक्षिण कोरिया में समय से पहिले भइल राष्ट्रपति चुनाव में लिबरल विपक्षी नेता ली जे म्युंग के जीत हो गइल बा। मुख्य रूढ़िवादी उम्मीदवार किम मून सू ने पहिलही आपन हार सकार लेले रहस। बता दीं कि ई चुनाव ओह समय भइल जब पूर्व रूढ़िवादी राष्ट्रपति यून सुक योल के ओर से अचानक मार्शल लॉ लागू कइल गइला से देस में भारी राजनीतिक उथल-पुथल मच गइल रहे। बाद में यून के पद से हटा दिया गइल।

किम मून सू मनलें हार

चुनाव के बाद वोटन के गिनती के देखत किम मून सू पत्रकारन से कहलें कि हम जनता के फैसला के विनम्रता से स्वीकार करत बानी आ ली जे म्युंग के उनका जीत के बधाई देत बानी। देखल जावs तs मून के एह बयान के बाद ई साफ हो गइल कि ली राष्ट्रपति बने जा रहल बाड़ें, हालांकि आधिकारिक घोषणा अभी बाकी बा।

बिना ट्रांजिशन के पदभार संभरिहें नया राष्ट्रपति

लगभग 80% वोटिंग टर्नआउट के संगे ई चुनाव सबसे जादे मतदान वाला राष्ट्रपति चुनावन में से एगो रहल। जनता राजनीतिक अस्थिरता से उबरल चाहत रहे, इहे वजह बा कि एतना बड़ संख्या में लोग मतदान करे निकलल। विजेता बुध के राष्ट्रपति पद के शपथ लिहें, जवन 5 साल खातिर एकमात्र कार्यकाल होगा, एमे कवनो ट्रांजिशन पीरियड ना होई।

कइसन रहा ली जे म्युंग के अबतक के सफर

ली जे म्युंग कबो बाल मजदूर रहल रहलें आ ऊ संघर्ष से उठके राजनीति में नाम कमवलें। ऊ पहिले ग्योंगगी प्रांत के गवर्नर आ सियोंगनाम शहर के मेयर रह चुकल बाड़ें। ऊ लमहर समय से रूढ़िवादी बेवस्था के कड़ा आलोचना करत आइल बाड़ें आ आर्थिक असमानता आ भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त रुख अपनावे के बात करलें। हालांकि उनकर आलोचक उनका के एगो लोकलुभावन आ विभाजनकारी नेता मानेला लोग, जे वादा से पीछे हट जालें।

बिदेस नीति पs ली के कइसन बा डिप्लोमेसी

अब बात अगर ली के बिदेस नीति के बात कइल जाव तs, एकरा के लेके ली कहलें बाड़ें कि ऊ अमेरिका आ जापान के संगे दक्षिण कोरिया के त्रिपक्षीय रिश्तन के मजबूत बना के रखिहें। उत्तर कोरिया के संगे बेहतर संबंधन के बात जरूर कहलें, बाकिर इहो मनलें कि निकट भविष्य में किम जोंग उन के संगे कवनो बैठक होखल बहुत मुश्किल बा। ओहिजा विशेषज्ञन के मानल बा कि चाहे केहू राष्ट्रपति बने, अमेरिका के संगे टैरिफ विवाद, सैन्य खर्च के मुद्दा आ उत्तर कोरिया के परमाणु कार्यक्रम अइसन जटिल मसला बा, जेमे तत्काल कवनो बड़ उपलब्धि मिलल मुश्किल बा।

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