[the_ad_group id="30365"]

रसोई में महंगाई के तड़का: अभिन अउर रोआई खाए वाला तेल, दाम में भइल 15 से 30 रुपया तक के बढ़ोतरी

[the_ad_placement id="above-content"]

Share

त्योहारी सीजन के बितले के बादो खाना के तेल में तेजी बरकरार ह। जबकि आमतौर पर त्योहार के खत्म होखे के बाद खाद्य तेल के दाम घट जाला। हालांकि एह बेर तेल में तेजी के वजह अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत में बढ़ोत्तरी होखे के बा। एकरे वजह रूस-यूक्रेन के बीच बढ़त तनाव के बतावल जा रहल बा। कारोबारियन के मुताबिक आगे भी खाद्य तेल के दाम वैश्विक हालात पर निर्भर करिहें। हालांकि अभिन त्योहार के सीजन गुजरल बा, जेमें डिमांड बढ़ल बा। उहवें आगे भी अइसने डिमांड बनल रही, काहेसे कि शादी के सीजन शुरू हो गइल बा। अइसे में तेल के दाम बढल लाजमी बा। लेकिन बाजार में तेल प्रचुर मात्रा में तेल उपलब्ध बा।

बीतल एक महीना के दौरान देश में खाद्य तेल के दाम 15 से 30 रुपया किलो बढ़ चुकल बा। महीना भर में रिफाइंड सोयाबीन तेल के थोक भाव 120-125 रुपया से बढ़कर 140-145 रुपया, सरसों तेल के भाव 130-135 रुपया से बढ़कर 145-150 रुपया, सूरजमुखी तेल के भाव 130-135 रुपया से बढ़कर 160-165 रुपया प्रति लीटर हो चुकल बा। एह दौरान आयातित पामोलीन तेल के भाव 90-95 रुपया से बढ़ के 105-110 रुपया प्रति किलो तक पहुंच चुकल बा।

सेंट्रल ऑर्गेनाइजेशन फॉर ऑयल इंडस्ट्री एंड ट्रेड से जुड़ल कारोबारियन के कहनाम बा कि रूस-यूक्रेन के बीच तनाव से अंतरराष्ट्रीय बाजार में खाद्य तेलन के कीमत में तेजी आइल बा। भारत में खाद्य तेल के दाम अंतरराष्ट्रीय बाजार पर काफी निर्भर करsला। लिहाजा अंतरराष्ट्रीय तेजी के कारण देश में भी खाद्य तेल के दाम बढ़ल बा। खाद्य तेल में महीना भर में 15 से 30 रुपया प्रति लीटर के तेजी आ चुकल बा।

खाद्य तेल के दाम

तेल    महीना भर पहले    अब
सरसों     130-135 रुपये 145-150 रुपये
सोयाबीन  120-125 रुपये 140-145 रुपये
सूरजमुखी    130-135 रुपये 160-165 रुपये
पामोलीन  90-95 रुपये 105-110 रुपये

(खाद्य तेल के भाव रुपया प्रति लीटर में थोक बाजार के बा)

[the_ad_placement id="below-content"]

Share this article

Facebook
Twitter X
WhatsApp
Telegram
 
[the_ad_placement id="sidebar-1st"]
[the_ad_placement id="sidebar-2nd"]
[the_ad_placement id="sidebar-3rd"]