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केंद्र सरकार के फैसला पs जतावल गइल विरोध: GST के सूचना ईडी से साझा, व्यापारी भयभीत आ नाराज

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चेंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष संजय सिंघानिया सरकार के एह फैसला के विरोध जतवलें। उनकर कहनाम बा कि सरकार के पहिले भ्रष्ट अधिकारियन पs कार्रवाई करे के चाही। एही लोगन के वजह से बेयपारी चोरी कs पावत बा लो।

केंद्र सरकार के फैसला पs बेयपारी लोग विरोध जतवले बा। ओह लोगन के कहनाम बा कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के जीएसटी नेटवर्क (जीएसटीएन) से सूचना साझा करे के अनुमति देवल गलत बा। एह से बेयपारियन अउर उद्यमी भयभीत हो गइल बा लो। ओह लोग के कहे के बा कि पहिले अफसर पs कार्रवाई होखे के चाहीं।

व्यापारी लोग गोलघर में मंगर के बैठक कइल। ऊ  लोग कहल कि सरकार के हर साल लगातार जीएसटी में ऐतिहासिक बढ़न्ती मिल रहल बा। सरकार पांच करोड़ रुपिया तक के टर्नओवर पs ऑनलाइन बिलिंग कs चुकल बिया। जल्दिये 1.5 करोड़ रुपिया वार्षिक टर्नओवर पs ऑनलाइन बिलिंग करे के तइयारी हो रहल बा। जब ऑनलाइन बिलिंग हो जाई, तs टैक्स चोरी खुद रुक जाई।

ओने, गोरखपुर उद्योग व्यापार एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष नितिन कुमार जायसवाल कहलें कि ऑनलाइन टर्नओवर होखला के बाद चोरी रुक जाई। अइसन में ईडी के बेयपारियन के ऊपर कार्रवाई करे के अधिकार गलत बा। बेयपारी वर्ग, फर्जी फर्मन पs काम करे वाला अपराधियन के खिलाफ कार्रवाई के पूरा समर्थन करत बा, बाकिर सब जीएसटी रजिस्टर्ड बेयपारियन के ईडी के रडार पs ले आवे आ बेयपारियन के खिलाफ कार्रवाई के अधिकार दिहल गलत बा।

एह दौरान विवेक अग्रवाल, रमेश चंद गुप्ता, मणि नाथ गुप्ता, गोपाल जायसवाल, राजीव शुक्ला, अश्मित श्रीवास्तव, महावीर गुप्ता, विनय सिंह, विनय मिश्रा, अमित सिंह पटेल सहित अउर लोग मवजूद रहल।

ओहिजा, चेंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष संजय सिंघानिया सरकार के एह फैसला के विरोध जतवलें। उनकर कहनाम बा कि सरकार के पहिले भ्रष्ट अधिकारियन पs कार्रवाई करे के चाहीं। एकरे वजह से बेयपारी लोग चोरी कs पावेला। एह पs कार्रवाई करे के जगह बेयपारियन पs अलग-अलग तरीका से दबाव बनावल गलत बा।

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