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गोरखपुर: अवैध प्लाटिंग क के बनावल जा रहल कॉलोनियन प चली बुलडोजर, पहिलही चिह्नित क चुकल बा जीडीए

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गोरखपुर में अवैध प्लाटिंग क के अनियोजित तरीका से विकसित कइल जा रहल कॉलोनियन प जल्दिये गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) के बुलडोजर चली। एकरा के लेके तइयारी तेजी से चल रहल बा। पहिलही चिह्नित हो चुकल कॉलोनियन के संगे वर्तमान में बसावल जा रहल अवैध कॉलोनियन के चिह्नित कइल जा रहल बा। एकरा के बसावे वालन के नोटिस दिहल जा रहल बा। एकरा बाद धरातलो प कार्रवाई सुरू होई।

दरअसल शहर से सटल इलाकन में प्लाटिंग क के तेजी से अवैध कॉलोनियन के बनावल जा रहल बा। करीब दु साल पहिले प्राधिकरण खुद अइसन 153 कॉलोनियन के चिह्नित क के रखले बिया। मुख्यमंत्री के ओर से अनियोजित विकास प सख्ती करे के निरदेस पहिलही से बा।

एही क्रम में नवागत जीडीए उपाध्यक्ष महेंद्र सिंह तंवर अइसन निर्माणन के सूची तइयार करा रहल बाड़े। पहिले इनका प कार्रवाई एहसे ना हो पावत रहे काहेकि ई प्राधिकरण के सीमा से बाहर रहे। बाकिर जीडीए के सीमा विस्तार होखला के बाद अब ई सब अवैध कॉलोनी प्राधिकरण के सीमा में आ गइल बा।

ओहिजा नया महायोजना 2031 के लागू करे के प्रक्रिया तेजी से चल रहल बा। अइसन में जीडीए शहर से सटल इलाकन में बस रहल सब अवैध कॉलोनियन प कार्रवाई के निर्णय कइले बा। नियमानुसार प्लाटिंग करे से पहिले रेरा से स्वीकृति प्राप्त करे के होला आ जीडीए से ले-आउट स्वीकृत करावे के पड़ेला। बाकिर एह सब के अनदेखा क के एह कॉलोनियन के बसावल गइल बा।

जीडीए उपाध्यक्ष महेंद्र सिंह तंवर कहले कि अनियोजित विकास के लेके सख्ती कइल जाई। बिना रेरा में पंजीकरण आ प्राधिकरण से ले-आउट स्वीकृत करवले अवैध तरीका से प्लाटिंग क के कॉलोनियन के बसावे वालन प कार्रवाई कइल जाई।

साभार: अमर उजाला

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