बिजनेस डेस्क। देस के निजी सेक्टर के सबसे बड़ बैंकन में से एगो HDFC Bank में एगो अहम घटनाक्रम सामने आइल बा। बैंक के पार्ट-टाइम चेयरमैन आ स्वतंत्र निदेशक अतनु चक्रवर्ती अपना पद से इस्तीफा दे देलें। ऊ बैंक में कुछ घटनाक्रम आ तरीका के आपन निजी मूल्य आ नैतिकता के खिलाफ बतावत इस्तीफा देले बाड़ें। उनकर इस्तीफा तुरंत प्रभाव से लागू हो गइल बा।
इस्तीफा पत्र में का लिखलें चक्रवर्ती?
15 मार्च के लिखल अपना इस्तीफा पत्र में चक्रवर्ती कहलें कि हाल के बदलाव आ घटनाक्रम उनका सिद्धांत से मेल नइखे खात, एह चलते ऊ तुरंत पद छोड़े के फैसला कइले बाड़ें। ऊ साफ कहलें कि इस्तीफा के पीछे आउर कवनो कारण नइखे। हालांकि ऊ कवनो खास मुद्दा के जिकिर नइखन कइलें, बाकिर गवर्नेंस आ अंदरूनी प्रक्रिया पs उठावल सवाल बैंक के कामकाज पs असर डाल सकेला।
कर्मचारियन के तारीफ कइलें
अपना पत्र में चक्रवर्ती बोर्ड आ मैनेजमेंट के सहजोग खातिर धन्यवाद देलें। संगही ऊ बैंक के मिडिल आ जूनियर स्तर के कर्मचारियन के ऊर्जा आ क्षमता के खूब सराहना कइलें। उनकर कहनाम रहे कि ई टीम भविष्य में एगो मजबूत आ बेहतर संगठन खड़ा कs सकेले।
2021 में जुड़ल रहस
चक्रवर्ती मई 2021 में बैंक के बोर्ड से जुड़ल रहलें। उनकर कार्यकाल के दौरान HDFC Limited के संगे बैंक के ऐतिहासिक विलय भइल, जवन बाद में HDFC Bank देस के दुसरका सबसे बड़ कर्ज देवे वाला बैंक बन गइल। हालांकि ऊ इहो संकेत देलें कि एह विलय के पूरा फायदा अभी सामने आइल बाकी बा।
बैंक के बयान
HDFC Bank 18 मार्च के आधिकारिक बयान जारी कs के इस्तीफा के पुष्टि कइलस आ कहलस कि चक्रवर्ती द्वारा बतावल कारण के अलावा आउर कवनो वजह नइखे। बैंक उनका जोगदान खातिर आभार जतवलस।
केकी मिस्त्री बनलें अंतरिम चेयरमैन
इस्तीफा के बाद रिजर्व बैंक केकी मिस्त्री के 19 मार्च 2026 से तीन महीना खातिर अंतरिम पार्ट-टाइम चेयरमैन बनावे के मंजूरी दे देलस।
ई इस्तीफा अइसन समय पs आइल बा जब बड़ वित्तीय संस्थानन में कॉरपोरेट गवर्नेंस पs कड़ा नजर राखल जा रहल बा। एह हालात में नैतिक असंगति के हवाला दे के दिहल गइल इस्तीफा बाजार आ निवेशक लोगन के बीच कइयन गो सवाल खड़ा कs सकत बा।
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