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अग्निपथ योजना : अग्निपथ योजना के लेके भईल हंगामा के बीच रक्षा अवुरी गृहमंत्री के अपील

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अग्निपथ योजना के लेके हंगामा जारी बा। हिंसा के आग 11 राज्य में फैल गईल बा। यूपी-बिहार अवुरी हरियाणा से लेके तेलंगाना तक छात्र सड़क प उतर के जोरदार प्रदर्शन करतारे। कई जगह ट्रेन में आग लगा दिहल गईल बा, जबकि रेलवे स्टेशन के तोड़फोड़ कईल गईल बा। ओने देश के गृहमंत्री अवुरी रक्षा मंत्री छात्र से शांति कायम राखे के अपील कईले बाड़े, जबकि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ए योजना के लेके मोदी सरकार प ताना मारले बाड़े।

राजनाथ कहले – युवकन के तैयारी शुरू करे के चाही

भारी हंगामा के बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह युवा से शांति कायम राखे अवुरी तैयारी शुरू करे के कहले बाड़े। उ कहले बाड़े कि कुछ दिन में सेना में बहाली के प्रक्रिया शुरू होखे वाला बा। युवा के भविष्य के लेके प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चिंता अवुरी संवेदनशीलता खाती हम दिल से धन्यवाद देत बानी। पछिला दु साल से सेना में बहाली प्रक्रिया ना होखे के चलते बहुत युवक के सेना में शामिल होखे के मौका ना मिल पावल। एहसे युवा के भविष्य के ध्यान में राखत सरकार अग्निवीर के बहाली खाती अबकी उम्र सीमा 21 साल से बढ़ा के 23 साल क देले बिया। एहसे बहुते नवही अग्निवीर बने के पात्र हो जइहें.

युवा लोग के फायदा होई- शाह

अग्निपथ योजना के लेके बढ़त हंगामा के बीच केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के इ बयान चर्चा में आईल बा। उ कहले कि ए योजना से भारी संख्या में युवा के फायदा होई अवुरी उ लोग देश के सेवा अवुरी अपना उज्जवल भविष्य के ओर बढ़ी। उ आगे कहले कि, पछिला दु साल से कोरोना महामारी के चलते सेना में बहाली के प्रक्रिया प्रभावित भईल रहे, एहसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ‘अग्नीपथ योजना’ में ओ युवक के चिंता में दु साल के रियायत देले 21 साल से पहिला साल के उमिर सीमा 23 साल पूरा करे के संवेदनशील फैसला लिहल गइल बा.

पीएम के समझ में नईखे आवत कि लोग का चाहतारे- राहुल गांधी

अग्निपथ योजना के लेके तीसरा दिन भईल हंगामा के बीच कांग्रेस नेता राहुल गांधी ट्विटर प सरकार के आलोचना कईले। उ लिखले कि, “अग्निपथ- युवा के ओर से खारिज, कृषि कानून – किसान के ओर से खारिज, विमुद्रीकरण – अर्थशास्त्री के ओर से खारिज, जीएसटी – व्यापारी के खारिज।” देश के जनता का चाहता, प्रधानमंत्री के समझ में नईखे आवत। काहे कि, उ लोग अपना ‘मित्र’ के आवाज़ के अलावे कुछूओ ना सुनेले।

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