सेंट्रल डेस्क। अमेरिका आ इजरायल के हमला से पहिले अमेरिकी खुफिया एजेंसी सीआईए (CIA) इशारा कइले रहे कि अगर ईरान के सर्वोच्च नेता अली खेमनाई के मौत हो जाई, तs रिवोल्यूशनरी गार्ड फोर्स के कवनो कट्टरपंथी कमांडर उनका जगह ले सकेला।
CIA के ई आकलन बीतल दू हफ्ता के हालात के गहराई से विश्लेषण के बाद सामने आइल बा। रिपोर्ट के माेताबिक, ईरान में राजनीतिक आ सैन्य गतिविधियन में तेज हलचल देखल गइल रहे।
का बा अमेरिका के मकसद?
अमेरिका के कार्रवाई के मकसद ईरान में सत्ता परिवर्तन बतावल जा रहल बा। एही चलते ईरान सरकार खामेनेई के सुरक्षा के लेके बहुत सख्त इंतजाम कइले रहे।
सुप्रीम लीडर चुने के तैयारी
CIA के अनुसार, सुप्रीम लीडर चुने के पूरा तइयारी पहिलही से कइल गइल बा। हालांकि, ई नया चेहरा के होई, एह पs अभियो परदा पड़ल बा।
जानकारी खातिर बता दीं कि ईरान में सर्वोच्च धार्मिक नेता देस के असली सत्ता प्रमुख होला। राष्ट्रपति जनता के वोट से चुनल जाला, बाकिर अंतिम फैसला सुप्रीम लीडर के हाथ में रहेला।
1979 के इस्लामी क्रांति के बाद अयातुल्ला रुहोल्लाह खुमैनी पहिला सर्वोच्च नेता बनलें। उनका बाद 1989 से अली खामेनेई ई पद संभालत आइल रहा। अब उनकर हमला में मौत के बाद अब देखे के ई बा कि अगिला सुप्रीम लीडर के बने के मवका केकरा मिली।








