प्राथमिक विद्यालयन में सोलर पैनल आरओ वाटर प्लांट से लइकन के प्यास बुझावे के योजना में बहुते खेल रहल बा। पांच साल पहिले 2017 में प्रयागराज, गोरखपुर, बहराइच, मिर्जापुर अउरी शाहजहांपुर समेत पांच जिला में शुरू भईल एह योजना के तहत 17.41 करोड़ रुपया के बर्बादी भईल, लेकिन सैकड़न स्कूलन ले पानी नाइ पहुंचल।
प्रयागराज के 116 प्राथमिक विद्यालय अभिनों संयंत्र के इंतजार कs रहल बाने। एह योजना के तहत जवना 120 प्राथमिक विद्यालय में जल संयंत्र लगावल गईल रहे, ओकरा में स्वच्छ पानी उपलब्ध करावे के नाम प खाली।खानापूर्तिए कइल गईल बा। अब कंपनी वैकल्पिक ऊर्जा स्रोत विभाग के अधिकारियन के धज्जी उड़ावत जिला से बोरिया बिस्तरा बान्ह लेहले बिया.
पं. दीन दयाल उपाध्याय योजना के तहत प्राथमिक विद्यालय में सोलर आरओ जल संयंत्र लगावे के योजना के रूप हैरान करेवाला बा। ए योजना के तहत प्रयागराज समेत पांच जिला में कुल 581 आरओ जल संयंत्र लगावे के रहे, लेकिन वैकल्पिक ऊर्जा विभाग के ओर से प्राथमिक विद्यालय में बच्चा के साफ-सुथरा पेयजल उपलब्ध करावे के नाम पs बहुत लूटपाट कईल गईल। एकरा खातिर विभाग जयपुर के कंपनी मेसर्स आरईएल से संबंध बनवले रहे।
एकरे तहत कंपनी के अकेले प्रयागराज में 236 विद्यालयन में 1.1सोलर पैनल क्षमता के फोटो वोल्टाइक आरओ वाटर प्लांट लगावे के रहल। एकरे अलावा गोरखपुर में 236, बहराइच में 87, मिर्जापुर में 21 अउरी शाहजहांपुर में एगो प्लांट लगावल जाए के रहल।
योजना के मुताबिक ब्लाक वाइज बेसिक शिक्षा विभाग के ओर से चयनित विद्यालयन में पांच पंखा, स्टोरेज के साथ 100 लीटर के आरओ संयंत्र, वाटर पंप डीसी सबमर्सिबल के अलावा एक-एक हजार लीटर क्षमता के 2 वाटर टैंक भी लगावल जाए के रहल।
एकरे तहत जिला के हंडिया, शंकरगढ़, बहादुरपुर, प्रतापपुर, फूलपुर, कौड़िहार, उरुवा, चाका, कौंधियारा, होलागढ़, बहरिया, मेजा, सैदाबाद, सोरांव, मऊआइमा अउर करछना ब्लाक में 12-12 प्राथमिक विद्यालयन पर प्लांट लगावे खातिर धनराशि अवमुक्त कइल गइल। एहमें एगो प्लांट पर 2.36 लाख रुपया खर्च कइल गइल बा। जिला में कुल 2.99 करोड़ रुपया से बेसी रुपये अब ले खर्च कइल जा चुकल बा। हालत ई बा कि धनराशि खर्च होखला के बाद कंपनी काम छोड़ के चल गईल।