बिहार में माली के पद पs नौकरी दियावे के झांसा देके ठगी करे आला गैंग के कनेक्शन एगो अफसरो से बा। एह गैंग के सदस्य अक्सर विकास भवन में आवत जात रहे लो। एही कारण कइयन गो जुवकन से ठग उद्योग विभाग के वेटिंग रूम में साक्षात्कार ले लेले सs। ओइसे पुलिस के जांच के बादे ई स्पष्ट हो पाई कि गिरोह के सदस्य कवना-कवना लोग से परिचित बाड़े सs। ओहिजा, दूसरा ओर सचिवालय थाना के पुलिस ने एह ममिला में गिरफ्तार कौशलेंद्र कुमार को बियफे के भोरे जेल भेज देलस। कौशलेंद्र मूल रूप से जहानाबाद जिला के रहे आला बाड़े। पीड़ित जुवक लो ओकरा खिलाफ एफआईआर दर्ज करवले रहे। एह ममिला में सरगना अमित सहित गैंग के आउर सदस्य अभियो फरार बाड़े सs।
मोबाइल में मिलल 150 अभ्यर्थियन के कागजात
जवना बेरा पीड़ित जुवक लो कौशलेंद्र के पकड़ले रहे, ओह समय ओकरा लगे से एगो मोबाइल बरामद भइल। जुवक लोग ओह मोबाइल के पुलिस के हवाले कs दिहल। सूत्रन के मानल जाव तs लईका लोग जब मोबाइल खोल के देखल तs ओकरा अंदर डेढ़ सौ से जादे अभ्यर्थियन के कागजात आ अधिकारियन के नंबर मिलल। एकर सूचना जुवक लो सचिवालय पुलिस के देले बा। विकास भवन में तैनात कुछ सुरक्षाकर्मी एह गिरोह के सदस्यन के संपर्क में रहे लो। एह कारण से आवे-जाये से केहू ना रोकत रहे।
सरगना के मोबाइल बंद
ओहिजा दूसरा ओर कौशलेंद्र के गिरफ्तारी के बाद सरगना अमित के मोबाइल बंद आ रहल बा। अमित कहां के रहे वाला हs, एकर सटीक जानकारी अब ले पुलिस के नइखे मिलल। अमित जुवकन के नौकरी के झांसा देके विकास भवन में बोलावे। फेर कौशलेंद्र सभे के उद्योग भवन के वेटिंग रूम में ले जाके झांसा देवल करे।