सारण पुलिस के “आवाज दो” मुहिम, रउआ एक आवाज पऽ दउड़त आई पुलिस

By Anurag Ranjan

Published on: Oct 27, 2024

छपरा। “आवाज दो” अभियान खाली हमनी के पीड़ित महतारी आ बहिनन खातिर ना बलुक ओह महतारी आ बहिनन खातिर भी बा जेकरा के अपराधियन के बुनल जाल में फँसे से पहिले जागरूकता भा कानूनी सहायता

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छपरा। “आवाज दो” अभियान खाली हमनी के पीड़ित महतारी आ बहिनन खातिर ना बलुक ओह महतारी आ बहिनन खातिर भी बा जेकरा के अपराधियन के बुनल जाल में फँसे से पहिले जागरूकता भा कानूनी सहायता का माध्यम से समय रहते सुरक्षा दिहल जा सकेला। ई अभियान सारण पुलिस आ जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, सारण के ओर से जिला प्रशासन के सहयोग से चलावल जा रहल बा। मई 2024 में सारण जिला में पुलिस अधीक्षक डॉ. कुमार आशीष के प्रभार ग्रहण कइला के बाद बियाह खातिर अपहरण के 99 गो घटना हमरा ध्यान अपना ओर खींचलस, जेकरा बाद अइसन घटना के प्रति संवेदनशीलता के साथ बेहतर शोध कइल गइल आ अपहरण कइल लइकिन के बरामद करे के प्रयास कइल गइल/ महिला अपराध बइठक में पुलिस अधिकारी के इ काम दिहल गइल अउरी एकरा पऽ लगातार नजर राखल गइल।

एकरा चलते हर महीना अइसन घटना में गिरावट आइल अउरी अपहरण करेवाला के बरामदगी के प्रतिशत में काफी बढ़ोतरी भइल। सितंबर महीना में बियाह खातिर अपहरण के 63 मामला में से अब तक 36 मामला में अपहरण करेवाला के बरामद हो चुकल बा अउरी आगे के बरामदगी खातिर प्रयास कइल जाता। ई कवनो साधारण घटना ना हऽ, एकरा पीछे राष्ट्रीय आ अंतर्राष्ट्रीय स्तर पऽ साजिश अउरी साजिश चलता। हमनी के इ नइखी सोचत कि अनजान लापता लइकिन के का होखता।

एह कारण से लइकी घर छोड़े के हो जाली विवश

सारण के एसपी कुमार आशीष कहले कि युवावस्था में प्रवेश करते लइकी वर्तमान युग के चकाचौंध करेवाला सोशल मीडिया के ओर आकर्षित हो जाली आ उ लोग इंस्टाग्राम, फेसबुक, यूट्यूब आदि सोशल मीडिया साइट पऽ लोकप्रियता आ फॉलोअर्स हासिल करे के कोशिश करेली आगे अभिनेत्री बने खातिर। जब एह साइट पऽ ओह लोग के फोटो भा वीडियो डालल जाला तऽ ओह लोग के मंशा के उलट अपराधी अइसन प्रोफाइल के जाँच करेलें आ एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) आ डीपफेक के माध्यम से पोस्ट कइल अपना फोटो/वीडियो के इस्तेमाल अश्लील सामग्री में करेलें। ओह लइकियन के ब्लैकमेल कइल जाला आ बनावल अश्लील सामग्री से आर्थिक/शारीरिक/मानसिक रूप से शोषण कइल जाला।

अइसना में पीड़ित लइकी एह तरह के घटना के अपना तक सीमित राखे के कोशिश करेली सन काहे कि जदि ओकरा बारे में पता चलल तऽ ओह लोग के माई-बाबूजी, भाई-बहिन भा दोस्त का सोचीहें, अइसन विचार जइसे कि ओकर बदनामी होई कि ना, का होई परिवार के साथे होखे तऽ गाँव के समाज आदि में आपन मुहऽ ना देखा पइहें।

एह मुहिम के अंतर्गत पुलिस टीम द्वारा जिला के प्रत्येक स्कुल, कॉलेज, प्रखंड एवं प्रमुख स्थानन पऽ जाकर माता- बहिन के जागरूक कइल जाई आ हेल्पलाईन नं० -9031600191 से अवगत करावल जाई। रउआ सभे से अनुरोध बा कि अपना आस-पड़ोस, गली-मुहल्ला आ सखी-सहेलियन के “आवाज दो’ मुहिम से अवगत कराइ।

 

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