Middle East War : अब खतम होई मिडिल-ईस्ट में जंग? ट्रंप के प्रस्ताव के बाद ईरान अमेरिका के सामने रखलस शर्त

By Shweta Supriya

Published on: Mar 25, 2026

नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में चल रहल अमेरिका-इजरायल आ ईरान के बीच जंग दुनिया में हाहाकार मचा देले बा। अइसन में एह जंग के खत्म करे के मांग कइल जा रहल बा। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड

Share

Oil tankers passing through Hormuz Strait amid Iran charging transit fees

नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में चल रहल अमेरिका-इजरायल आ ईरान के बीच जंग दुनिया में हाहाकार मचा देले बा। अइसन में एह जंग के खत्म करे के मांग कइल जा रहल बा।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप बीतल दिन ईरान पs हमला से ब्रेक लेवे के बात कहलें आ दावा कइलें कि बातचीत चलत बा। ट्रंप कहलें कि वॉशिंगटन आ तेहरान एह पूरा हफ्ता बातचीत करीं बाकिर ऊ ओह प्रतिनिधियन के नाम ना बतइहे जे ईरानी सरकार के ओर से बातचीत करत बा। एह सब के बीच ईरान जंग खतम करे खातिर कुछ शर्त रखले बा।

ईरान अमेरिका के सामने रखलस ई शर्त

वॉल स्ट्रीट जर्नल के रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप के प्रस्ताव के जवाब के तौर पs ईरान खाड़ी क्षेत्र में अमेरिकी ठिकाना के बंद करे, सब प्रतिबंधन के समाप्त करे, हिज्बुल्लाह के खिलाफ इजरायली अभियान के रोके आ एगो अइसन ढांचा के मांग कइलस, जवना के तहत ओकेरा होर्मुज स्ट्रेट से गुजरे वाला जहाजन से शुल्क वसूले के अनुमति मिल सके।

  • सुरक्षा के गारंटी के कि फिर कबो ईरान पs हमला ना करें।
  • एगो नया समुद्री बेवस्था के स्थापना, जवना के तहत भविष्य में होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) ईरान के नियंत्रण में आ जाई।
  • पूरा पश्चिम एशिया में अमेरिका के सब सैन्य ठिकानन के बंद कइल।
  • युद्ध के दौरान ईरान के भइल नुकसान के अनुपात में वित्तीय मुआवजा।
  • पांच बरिस खातिर बैलिस्टिक मिसाइल विकास रोके आ यूरेनियम संवर्धन के कम करे के तत्परता
  • 60 प्रतिशत अत्यधिक संवर्धित यूरेनियम के अपना भंडार के समायोजित कइला पs होखे वाला चरचा में भागीदारी।
  • अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) के अपना सेंट्रीफ्यूज के निरीक्षण करे के अनुमति दिहल।
  • पूरा पश्चिम एशिया में प्रॉक्सी ताकतन के दिहल जाये वाला फंडिंग के रोकला पs सहमति।

पहिले रखल रहे तीन गो शर्त

एकरा से पहिले 12 मार्च के ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन रूस आ पाकिस्तान के नेता से बात कइला के बाद कहले रहलें कि युद्ध तब खतम होई जब तीन गो शर्त पूरा होई। ऊ शर्त- इस्लामिक गणराज्य के वैध अधिकारन के मान्यता, हर्जाना के भुगतान आ भविष्य में होखे वाला कवनो हमला के खिलाफ पक्का अंतरराष्ट्रीय गारंटी।

पेजेश्कियन के ई बयान अपना तरे के पहिला बयान रहे, काहे कि बिदेस मंत्री अब्बास अराघची सहित कइयन गो ईरानी राजनयिक अमेरिकियन के संगे बातचीत के कवनो संभावना से इनकार कs देले रहलें आ कहलें कि ईरान के संगे धोखा भइल बा, काहेकि अमेरिका के संगे चल रहल परमाणु वार्ता के बीच ई हमला कइल गइल।

Read Also: 24 मार्च 2026 के राशिफल

खबरें और भी arrow-right Created with Sketch Beta.